Weather Update - उत्तराखंड में बारिश का कहर, आकाशीय बिजली से दो ग्रामीणों की मौत, कई जिलों में रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी

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Weather Update - उत्तराखंड में बारिश का कहर, आकाशीय बिजली से दो ग्रामीणों की मौत, कई जिलों में रेड और ऑरेंज अलर्ट जारी

देहरादून/हरिद्वार। उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश के बीच मौसम विभाग ने रविवार को भी कई जिलों में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की है। इस बीच हरिद्वार के सिडकुल थाना क्षेत्र स्थित डालूवाला मजबता गांव में आकाशीय बिजली गिरने से खेत में काम कर रहे दो ग्रामीणों की दर्दनाक मौत हो गई।

मृतकों की पहचान नजीन सिंह (50 वर्ष), निवासी डालूवाला मजबता तथा रणधीर (55 वर्ष), निवासी खाला टीरा के रूप में हुई है। जानकारी के अनुसार दोनों शनिवार को खेत में कृषि कार्य कर रहे थे। इसी दौरान अचानक तेज बारिश शुरू हुई और गर्जना के साथ आकाशीय बिजली गिरने से दोनों उसकी चपेट में आ गए। स्थानीय लोगों ने उन्हें तत्काल रुड़की के विनय विशाल अस्पताल पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने दोनों को मृत घोषित कर दिया।

घटना की सूचना मिलते ही तहसील प्रशासन, पुलिस और आपदा प्रबंधन विभाग की टीम मौके पर पहुंची। अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई शुरू कर दी है। हादसे के बाद मृतकों के परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे क्षेत्र में शोक का माहौल है।


आज तीन जिलों में भारी बारिश का रेड अलर्ट - 
इधर, मौसम विज्ञान केंद्र ने नैनीताल, चंपावत और ऊधमसिंह नगर जिलों के कुछ हिस्सों में भारी से बहुत भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है। वहीं देहरादून, टिहरी, पौड़ी, उत्तरकाशी, रुद्रप्रयाग, हरिद्वार और बागेश्वर जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। विभाग ने कई स्थानों पर जलभराव, भूस्खलन, नदी-नालों के जलस्तर में वृद्धि तथा बिजली गिरने की आशंका जताई है।

लगातार बारिश के चलते यमुनोत्री हाईवे पर भूस्खलन के कारण मलबा और पत्थर आने से यातायात प्रभावित हुआ है, जबकि प्रदेश के कई अन्य संपर्क मार्ग भी बाधित हो गए हैं। प्रशासन सड़कें खोलने और यातायात बहाल करने में जुटा है।

मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए जिला प्रशासन ने सभी संबंधित विभागों को हाई अलर्ट पर रहने के निर्देश दिए हैं। जिलाधिकारियों से कहा गया है कि संवेदनशील क्षेत्रों में जेसीबी मशीनें, राहत एवं बचाव उपकरण, आवश्यक मानव संसाधन और अन्य संसाधनों की अग्रिम तैनाती सुनिश्चित की जाए, ताकि किसी भी आपात स्थिति में तत्काल राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया जा सके।

प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि खराब मौसम के दौरान अनावश्यक यात्रा से बचें, नदी-नालों और भूस्खलन संभावित क्षेत्रों के पास न जाएं तथा मौसम विभाग और जिला प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें। आपदा प्रबंधन विभाग ने विशेष रूप से खेतों, खुले स्थानों और पेड़ों के नीचे जाने से बचने की सलाह दी है, ताकि आकाशीय बिजली जैसी घटनाओं से बचा जा सके।

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