हल्द्वानी - राष्ट्रीय स्तर पर उत्तराखण्ड सहकारी डेरी फडरेशन को मिला ई-मार्केटिंग अवाॅर्ड, देश में पाया यह स्थान 

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लालकुआं - राष्ट्रीय स्तर पर उत्तराखण्ड सहकारी डेरी फडरेशन को ई-मार्केटिंग एंव दुुग्धोपर्जान में पूरे देश में उत्तराखण्ड को छठे स्थान हासिल होने पर गृह एंव सहकारिता मंत्री भारत सरकार अमित शाह द्वारा प्रशासक उत्तराखण्ड सहकारी डेरी फेडरेशन मुकेश बोरा को अवाॅर्ड देकर किया सम्मानित। उक्त जानकारी देते हुए प्रशासक उत्तराखण्ड सहकारी डेरी फेडरेशन मुकेश बोरा द्वारा बताया गया कि 30 दिसंबर को गांधीनगर गुजरात में नेशनल कोआपरेटिव डेरी फेडरेशन आफ इण्डिया (एन.सी.डी.एफ.आई.) द्वारा आयोजित एक सेमिनार में राष्ट्रीय स्तर पर उत्तराखण्ड सहकारी डेरी फेडरेशन को ई-मार्केटिंग एंव दुुग्धोपर्जान में पूरे देश में उत्तराखण्ड छठे स्थान का आवार्ड प्रदान किया गया।


जिस कार्यक्रम में गृह एंव सहकारिता मंत्री भारत सरकार अमित शाह द्वारा उक्त अवार्ड प्रशासक उत्तराखंड डेयरी फेडरेशन मुकेश बोरा को प्रदान कर सम्मानित किया गया किया गया इस दौरान गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेन्द्र पटेल, विधानसभाध्यक्ष शंकरभाई चैधरी, एनसीडीएफआई राष्ट्रीय अध्यक्ष मंगलजीत राय, ईफको अध्यक्ष दलीप सिंघानी, चैयरमैन एनडीडीबी मिनेश शाह मौजुद थे। दुग्ध सहकारिता के क्षेत्र में इस सम्मान पर श्री बोरा ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिह धामी, दुग्ध विकास मंत्री सौरभ बहुगुणा के मार्गदर्शन में पूरे प्रदेश के साथ साथ राष्ट्रीय स्तर पर भी आंचल दिनोदिन एक लोकप्रिय ब्रान्ड बनता जा रहा है और उनके द्वारा स्वयं व निदेशक डेरी विकास संजय खेतवाल, प्रबन्ध निदेशक उत्तराखण्ड सहकारी डेरी फेडरेशन जयदीप अरोडा के दिशा-निर्देशन में डेरी विकास/डेरी फेडरेशन व दुग्ध संघ स्तर पर बेहतर कार्या का ही परिणाम है कि आज प्रदेश को दुग्ध सहकारिता के क्षेत्र में एक बेहतर स्थान प्राप्त हुआ है।

 

इस दौरान प्रशासक डेरी फेडरेशन मुकेश बोरा बताया कि दुग्ध उत्पादको के आर्थिक एंव समाजिक उत्थान होते लगातार प्रयास किये जा रहे है जिसमें जायका योजना अन्तर्गत 48 सौ दुग्ध उत्पादको को प्रशिक्षण दिया जाना है इसके साथ ही वर्तमान में दुग्ध उर्पाजन में रिकार्ड दो लाख लीटर प्रतिदिन से अधिक का उर्पाजन प्रतिदिन हो रहा है वही दुग्ध विपणन में भी लगातार वृद्धि हो रही है जिसमें पैक्ड आंचल दूध के साथ साथ आंचल टैट्रा पैक, आंचल लस्सी, छाछ, आंचल चाकलेट, बेसन लडडू, पेडा, खोवा व आईसक्रीम ने बाजार में धूम मचायी है। भविष्य में आंचल द्वारा शहद, मिनरल वाटर, सोया चाप, फोजन मटर, व बेकरी के क्षेत्र में भी हाथ आजमाने की योजना है और जिसका सीधा आर्थिक लाभ प्रदेश के दुग्ध उत्पादको व किसानो को होगा । राष्ट्रीय स्तर पर उत्तराखण्ड सहकारी डेरी फेडरेशन को ई-मार्केटिंग अवाॅर्ड मिलने पर क्षेत्र के दुग्ध उत्पादको व जनप्रतिनिधियो द्वारा हर्ष वयक्त कर बधाइयां प्रेषित की है।