उत्तराखंड - पेपर लीक मामले को लेकर प्रदेश भर में प्रदर्शन, ABVP कार्यकर्ताओं ने फूंका केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का पुतला
गैरसैंण/मसूरी। देशभर में पेपर लीक मामलों को लेकर बढ़ते विरोध के बीच उत्तराखंड में भी छात्रों और राजनीतिक कार्यकर्ताओं का प्रदर्शन तेज हो गया। गैरसैंण और मसूरी में विभिन्न संगठनों ने प्रदर्शन कर केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की तथा पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग उठाई।
ग्रीष्मकालीन राजधानी गैरसैंण में छात्र-छात्राओं और कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने रामलीला मैदान से तहसील कार्यालय तक रैली निकाली। प्रदर्शनकारियों ने सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की। उपजिलाधिकारी के माध्यम से राष्ट्रपति को ज्ञापन भेजकर पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच, दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग की गई।
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि लगातार हो रही पेपर लीक की घटनाओं से लाखों अभ्यर्थियों का भविष्य प्रभावित हो रहा है। वर्षों की मेहनत के बावजूद यदि परीक्षाओं की गोपनीयता और निष्पक्षता पर सवाल उठते हैं तो युवाओं का शिक्षा व्यवस्था पर भरोसा कमजोर होता है।
उधर, मसूरी में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) के कार्यकर्ताओं ने एमजी कॉलेज परिसर में प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने पेपर लीक, नीट परीक्षा विवाद और दिल्ली के जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर कथित लाठीचार्ज के विरोध में केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का पुतला दहन किया और सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
प्रदर्शन में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं शामिल हुए। छात्र नेताओं आशुतोष जोशी, अनुज पवार, विकास रावत और करिश्मा ने कहा कि लगातार सामने आ रहे पेपर लीक मामलों से युवाओं का भविष्य संकट में है और परीक्षा प्रणाली की विश्वसनीयता पर गंभीर प्रश्न खड़े हो रहे हैं। उन्होंने मांग की कि पेपर लीक मामलों की निष्पक्ष जांच कर दोषी अधिकारियों एवं गिरोहों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाए तथा परीक्षा व्यवस्था को पूरी तरह पारदर्शी बनाया जाए।
