देहरादून - उत्तराखंड कैबिनेट के 17 प्रस्तावों को मंजूरी, सहकारिता नीति से लेकर उपनल, अग्निवीर मेडिकल सप्लाई तक अहम फैसले
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में हुई उत्तराखंड कैबिनेट की बैठक समाप्त हो गई। बैठक में कुल 17 प्रस्तावों पर मुहर लगी। मुख्यमंत्री के अपर सचिव बंशीधर तिवारी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कैबिनेट के फैसलों की जानकारी दी। बैठक में सहकारिता, कार्मिक, परिवहन, स्वास्थ्य, राजस्व, कृषि, शिक्षा, सैनिक कल्याण और ऊर्जा समेत कई विभागों से जुड़े अहम निर्णय लिए गए।
कैबिनेट के प्रमुख फैसले -
1. राज्य सहकारी नीति-2026 को मंजूरी
सहकारिता विभाग के उत्तराखंड राज्य सहकारी नीति-2026 को मंजूरी दी गई। नीति के तहत सात मिशन निर्धारित किए गए हैं।
2. वेतन नियमावली में संशोधन
कार्मिक विभाग की वेतन नियमावली में आंशिक संशोधन को मंजूरी दी गई। लेवल-15 और लेवल-16 से संबंधित प्रावधानों में संशोधन किया गया है।
3. CNG वाहनों को ग्रीन सेस में राहत जारी
परिवहन विभाग के उत्तराखंड मोटरयान कराधान सुधार अधिनियम को मंजूरी दी गई। CNG वाहनों को ग्रीन सेस में मिल रही छूट जारी रहेगी, जबकि हाइब्रिड वाहनों को दी जा रही राहत वापस ले ली गई है। अलग-अलग राज्यों की EV नीतियों का अध्ययन करने के बाद उत्तराखंड की नई इलेक्ट्रिक वाहन नीति तैयार की जाएगी।
4-5. मेडिकल सप्लाई कॉरपोरेशन का गठन
उत्तराखंड चिकित्सा एवं परिवार कल्याण विभाग के सांख्यिकी संवर्ग को मंजूरी दी गई। वहीं स्वास्थ्य विभाग के तहत उत्तराखंड मेडिकल सप्लाई कॉरपोरेशन के गठन को भी स्वीकृति मिली। कॉरपोरेशन के माध्यम से औषधि, सर्जिकल सामग्री, रसायन और उपकरणों की खरीद की जा सकेगी।
6. NCDC को हरिद्वार में एक एकड़ भूमि
राष्ट्रीय रोग नियंत्रण केंद्र (NCDC) के लिए हरिद्वार में एक एकड़ भूमि उपलब्ध कराने को मंजूरी दी गई।
7. पेयजल और सीवरेज कार्यों को मंजूरी
शहरी निकायों में पेयजल और सीवरेज से जुड़े कार्यों के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
8. लोकायुक्त सर्च कमेटी-2026 को मंजूरी
उत्तराखंड लोकायुक्त अधिनियम-2014 के तहत सदस्यों के चयन के लिए उत्तराखंड लोकायुक्त सर्च कमेटी-2026 के गठन को मंजूरी दी गई।
9. आबादी सर्वेक्षण अभिलेख नियमावली मंजूर
राजस्व विभाग की उत्तराखंड आबादी सर्वेक्षण अभिलेख नियमावली को मंजूरी दी गई। इसमें ग्रामीण क्षेत्रों के साथ शहरी क्षेत्रों को भी शामिल किया गया है।
10. सीड्स कॉरपोरेशन के कर्मचारियों का समायोजन
उत्तराखंड सीड्स एवं डेवलपमेंट कॉरपोरेशन के तृतीय और चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को अन्य विभागों में समायोजित करने का निर्णय लिया गया। कर्मचारियों को ऊधमसिंह नगर और निकटवर्ती जनपदों में भेजा जाएगा।
11. काठबंगला के 116 आवासों की 10 फीसदी राशि सरकार देगी
रिस्पना नदी के किनारे काठबंगला क्षेत्र के 116 आवासों में रहने वाले मलिन बस्ती के लोगों से ली जाने वाली 10 फीसदी राशि अब राज्य सरकार वहन करेगी।
12. ऋषिकेश में कैंसर इंस्टीट्यूट का प्रस्ताव मंजूर
अंत्योदय फाउंडेशन की ओर से ऋषिकेश में कैंसर इंस्टीट्यूट स्थापित करने के प्रस्ताव को कैबिनेट ने मंजूरी दी।
13. बारिश के बाद सड़कों की मरम्मत के निर्देश
क्षतिग्रस्त सड़कों को दुरुस्त करने और जरूरत के अनुसार दोबारा बनाने के लिए संबंधित विभाग को निर्देशित किया गया। निविदा प्रक्रिया पूरी करने को कहा गया है। बरसात समाप्त होते ही सड़कों की मरम्मत और पुनर्निर्माण का काम शुरू किया जाएगा।
14. उत्तरांचल विश्वविद्यालय की नियमावली मंजूर
उच्च शिक्षा विभाग के तहत उत्तराखंड निजी विश्वविद्यालय अधिनियम के अंतर्गत उत्तरांचल विश्वविद्यालय की नियमावली को मंजूरी दी गई।
उपनल कर्मचारियों को समान कार्य, समान वेतन का लाभ
15. उपनल कर्मचारियों के लिए बड़ा फैसला
सैनिक कल्याण विभाग के तहत उपनल कर्मचारियों को समान कार्य, समान वेतन का लाभ तीन चरणों में देने का निर्णय लिया गया। दूसरे चरण की शुरुआत 9 नवंबर से होगी। वर्ष 2018 तक के कर्मचारियों को समान कार्य, समान वेतन का लाभ दिए जाने की जानकारी दी गई।
1 जनवरी 2016 से जिन कर्मचारियों के सेवा रिकॉर्ड में ब्रेक रहा है, उन्हें महंगाई भत्ते का लाभ देने का निर्णय लिया गया है। स्वीकृत पदों के सापेक्ष काम कर रहे उपनल कर्मचारियों के लिए नए पद सृजित किए जाएंगे। इसके लिए शासन स्तर पर समिति गठित होगी। कर्मचारियों को परिवर्तनीय महंगाई भत्ते का लाभ भी मिलेगा। नए पद सृजित नहीं होने की स्थिति में कर्मचारियों के समायोजन का विकल्प रखा जाएगा।
अग्निवीरों के लिए बनेगा अलग सेल
16. सेवा मुक्त अग्निवीरों के लिए समर्पित प्रकोष्ठ
सेवा मुक्त होकर लौटने वाले अग्निवीरों के लिए अलग प्रकोष्ठ बनाने का फैसला लिया गया है। इसके लिए छह पदों का प्रस्ताव तैयार करने के लिए अलग सेल बनाया जाएगा।
1320 मेगावाट के पावर प्लांट का ठेका अडानी पावर को
17. ऊर्जा विभाग का अहम फैसला
ऊर्जा विभाग के तहत UPCL के 1320 मेगावाट क्षमता वाले कोयला आधारित पावर प्लांट के लिए न्यूनतम बोली अडानी समूह को दिए जाने की जानकारी दी गई। छत्तीसगढ़ में कोल ब्लॉक का आवंटन हो चुका है। पावर प्लांट अडानी पावर की ओर से स्थापित किया जाएगा और इसे 25 वर्ष के लिए अडानी को दिए जाने का फैसला हुआ है।
कैबिनेट के फैसलों में CNG वाहनों को ग्रीन सेस में राहत जारी रखना, उपनल कर्मचारियों के लिए समान कार्य-समान वेतन, सेवा मुक्त अग्निवीरों के लिए अलग प्रकोष्ठ और 1320 मेगावाट के पावर प्लांट से जुड़ा निर्णय प्रमुख रहे।



