Uttarakhand Government
Uttarakhand Government
Home साहित्य कविता-राष्ट्रभक्ति का संकल्प

कविता-राष्ट्रभक्ति का संकल्प

बरेली- आईएएस वीरेन्द्र कुमार ने किया अप्रतिम हिन्दी गीत शतक का संपादन, देखिये युवाओं को कैसे दे रहे हैं सीख

बरेली-हाल ही में वीरेन्द्र कुमार सिंह के सम्पादन में नयी किताब प्रकाशन नई दिल्ली से एक गीत संचयन अप्रतिम हिन्दी गीत शतक प्रकाशित हुआ...

कविता-शिक्षक

राजीव गांधी नवोदय चैनलिया अल्मोड़ा की छात्रा अक्षिता भट्ट की शानदार कविता पढ़िए- गुरू वही जो जीना सिखा दे आपकी आपसे पहचान करा दे तराश दे हीरे...

जानिए साहित्य के सबसे बड़े सम्मान ज्ञानपीठ पुरस्कार के बारे में

“हम कविता इसलिए नहीं पढ़ते और लिखते हैं क्योंकि यह बहुत प्यारी होती है। बल्कि हम इसलिए कविता पढ़ते और लिखते हैं क्योंकि हम...

जानिए कैसे मिलता है साहित्य अकादमी का पुरस्कार, क्या होनी चाहिए योग्यता

भारत एक ऐसा देश है जहाँ आप भाषा और संस्कृति में विविधता देख सकते है। भारत में विभिन्न धर्मों के लोग रहते हैं जो...

इस गणतंत्र दिवस पर अगर आप पाना चाहते हैं पद्य पुरस्कार तो 15 सितंबर तक यहां कराएं नामांकन

वर्ष 2021 के गणतंत्र दिवस पर आप भी पद्य भूषण, पद्य विभूषण या पद्यश्री जैसे पुरस्कार पा सकते हैं। इसके लिए आपको जल्द से...
Uttarakhand Government

उत्तराखंड के लोकप्रिय वेब पोर्टल न्यूज टुडे नेटवर्क की ओर से स्वतंत्रता दिवस के उपलक्ष्य में आॅनलाइन कविता प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है। इसमें बाल, युवा और वरिष्ठ सभी वर्गों के लोग प्रतिभाग कर सकते हैं। प्रतियोगिता में मेरे प्यारे वतन विषय पर देशभक्ति से ओत.प्रोत स्वरचित कविता लिखकर 20 अगस्त तक भेजनी है। इसके तहत ईलाइट पब्लिक स्कूल गौलापार के प्रधानाचार्य योगेश जोशी की शानदार कविता पढ़िए-


Uttarakhand Government

राष्ट्रभक्ति का संकल्प लेकर हृदय में, यदि खड़ा हो देश सारा
संकटों को मात देकर विश्वविजयी होगा भारतवर्ष हमारा।
हिमालय की बुलंदियों से, हिंद महासागर तक रहती नित बहार,
कण-कण में ईश्वर बसता जिसके, रग-रग में देशभक्ति का प्यार।
मां की तरह अपने सभी बच्चों को करती असीम स्नेह और दुलार
हे विश्वगुरू! भारतभूमि तुम्हे प्रणाम बारंबार।
कोरोना, पाकिस्तान, चीन, नेपाल चाहे कितने ही महामारी रूपी दुश्मन क्यों ना आए लेकिन
सौगंध हमें इस मिट्टी की, हम तेरा मस्तक किसी हाल में झुकने न देंगे।
अंतिम सांस है जब तक शरीर में हमारे, मर मिटेंगे तेरी रक्षा में,
तिरंगा शान से फहराया है हमेशा फहराते रहेंगे।
जीवन-मरण के दौर में मुझको मिले जितने भी जन्म
राष्ट्र मुझे हिंदुस्तान ही स्वीकार्य है।
ऐ वतन! मुझे तुझसे बेतहासा प्यार है।

Uttarakhand Government
Uttarakhand Government

Related News

बरेली- आईएएस वीरेन्द्र कुमार ने किया अप्रतिम हिन्दी गीत शतक का संपादन, देखिये युवाओं को कैसे दे रहे हैं सीख

बरेली-हाल ही में वीरेन्द्र कुमार सिंह के सम्पादन में नयी किताब प्रकाशन नई दिल्ली से एक गीत संचयन अप्रतिम हिन्दी गीत शतक प्रकाशित हुआ...

कविता-शिक्षक

राजीव गांधी नवोदय चैनलिया अल्मोड़ा की छात्रा अक्षिता भट्ट की शानदार कविता पढ़िए- गुरू वही जो जीना सिखा दे आपकी आपसे पहचान करा दे तराश दे हीरे...

जानिए साहित्य के सबसे बड़े सम्मान ज्ञानपीठ पुरस्कार के बारे में

“हम कविता इसलिए नहीं पढ़ते और लिखते हैं क्योंकि यह बहुत प्यारी होती है। बल्कि हम इसलिए कविता पढ़ते और लिखते हैं क्योंकि हम...

जानिए कैसे मिलता है साहित्य अकादमी का पुरस्कार, क्या होनी चाहिए योग्यता

भारत एक ऐसा देश है जहाँ आप भाषा और संस्कृति में विविधता देख सकते है। भारत में विभिन्न धर्मों के लोग रहते हैं जो...

इस गणतंत्र दिवस पर अगर आप पाना चाहते हैं पद्य पुरस्कार तो 15 सितंबर तक यहां कराएं नामांकन

वर्ष 2021 के गणतंत्र दिवस पर आप भी पद्य भूषण, पद्य विभूषण या पद्यश्री जैसे पुरस्कार पा सकते हैं। इसके लिए आपको जल्द से...

कविता-खुशियों का त्यौहार

जवाहर नवोदय विद्यालय रूद्रपुर उधमसिंह नगर की छात्रा मुस्कान की शानदार कविता पढ़िए- सालों साल बस भागदौड़ लगी है, ये दुनिया तो बेबस दिख रही है। इसमें...
Uttarakhand Government