हल्द्वानी- 2019 लोकसभा चुनाव के लिए गजराज बिष्ट ने ठोकी दावेदारी, कहा इस गुरु ने सिखये राजनीतिक गुर

1097

हल्द्वानी- न्यूज टुडे नेटवर्क: लोकसभा चुनाव का समय जैसे-जैसे नजदीक आता जा रहा है वैसे-वैसे भाजपा से चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों की लिस्ट लंबी होती जा रही है। कैबिनेट मंत्री यशपाल आर्य व कालाढूंगी विधायक बंशीधर भगत के बाद अब प्रदेश महामंत्री गजराज बिष्ट ने भी लोकसभा चुनाव लड़ने की अपनी दावेदारी पेश की है। उन्होंने कहा कि वर्ष 2009 व 2014 में उनके द्वारा पहले भी चुनाव लड़ने की दावेदारी पेश की गई थी। जिसके बाद अब 2019 लोकसभा चुनाव के लिए वह केन्द्र और प्रदेश नेतृत्व के सामने नैनीताल से चुनाव लड़ने के लिए अपनी बात रख चुके है। प्रदेश महामंत्री ने कहा कि उनको यकीन है की पार्टी उनके 30 वर्ष के कार्याकाल जिसमें पार्टी द्वारा सौंपे गए हर पद पर उन्होंने कार्य किया है, उसको जरूर समझेगी और चुनाव लड़ने का उनको मौका प्रदान करेगी।

नहीं था राजनीति का शौक

प्रदेश महामंत्री व मण्डी परिषद के अध्यक्ष गजराज बिष्ट ने कहा कि उनका राजनीति में आने का कोई विचार नहीं था। राजनीति में आने का सफर उनका पहली बार एबीवीपी से कॉलेज चुनाव लड़कर शुरू हुआ। जहां चुनाव लड़वाने वाले वह राजनीतिक सफर में मार्गदर्शक बनकर उनके साथ रहने वाले कोई और नहीं वल्की आदित्य कोठारी है। जिनको राजनीति में वह अपना गुरू मानते है। गजराज ने कहा कि चाहे वो युवा मोर्चा में प्रदेश अध्यक्ष का कार्य हो या जिला महामंत्री का पद अपने गुरू द्वारा दिए गए ज्ञान को वे हर संभव पड़ाव पर इस्तेमाल करते रहे है। वही 2019 लोकसभा चुनाव के लिए भी वह खुद को तैयार मानते है। कहा कि पार्टी में 30 साल के कार्याकाल में उन्होंने निंरतर कार्य किया है। जिससे उनकी एक मज़बूत पहचान न केवल कार्यकर्ताओं में है वल्की जनता और युवाओं में भी है। जिसको देखते हुए उन्होंने ये दावेदारी पेश की है।

पहाड़ी क्षेत्रों में खुलेंगे कलेक्शन सेंटर

उत्तराखंड मण्डी परिषद के अध्यक्ष गजराज बिष्ट ने बताया कि पर्वतीय क्षेत्रों के किसानों के छोटे उत्पादों को मण्डी तक पहुंचाने में आ रही दिक्कतों का उनको पता चला। जिस पर मंडी परिषद ने निर्णय लेते हुए जल्द ही पहाड़ी क्षेत्रों में कलेक्शन सेंटर खोलने का फैसला लिया है। जिसमें मण्डी तक नहीं पहुंच पाने वाले उत्पादों को खरीदा जाएगा। मण्डी परिषद के अध्यक्ष गजराज बिष्ट ने बताया कि किसानों के पास पर्याप्त मात्रा में फल सब्जियों की उपज है लेकिन फल सब्जियों को हल्द्वानी मण्डी में पहुंचाने में उन्हें कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है, क्योंकि उत्पादों की लागत से ज्यादा परिवहन में खर्च लगता है। जिससे किसानों को नुकसान होता है और पहाड़ का काश्तकार कर्ज के बोझ तले दब जाता है। लिहाजा किसानों की सुविधाओं को देखते हुए जल्द ही मंडी परिषद दूरस्थ क्षेत्रों में जगह-जगह खरीद सेंटर खोलेगी।