नैनीताल- वन पंचायतों को मिले 485 नव सरपंच, जिलाधिकारी ने उठाया ये कदम

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नैनीताल में जिलाधिकारी सविन बंसल ने जिले की सभी वन पंचायतों में सरपंचो का निर्वाचन कराकर नव निर्वाचित सरपंचो को कार्यभार दिलाने का फैसला किया है। जिलाधिकारी सविन बंसल के द्वारा किए जा रहे इस कार्य की मुख्यमंत्री त्रिवेन्द्र सिंह रावत ने प्रशंसा की सविन बंसल ने जब जून में अपना कार्यभाल संभाला था तो उस समय 70 वन पंचायतों में ही वन पंचायत सरपंच थे। तथा 485 वन पंचायतों में सरपंचों के न होने के कारण निष्क्रिय पड़ी थी।

नैनीताल जिलाधिकारी सविन बंसल

इसके बाद जिले कि सभी 485 वन पंचायतों में सरपंचो का चुनाव करवाया गया निष्क्रिय पंचायतों के लिए सरपंचों की व्यवस्था की गई जिलाधिकारी सविन बंसल ने कहा कि वन पंचायतों को आर्थिक रूप सक मजबूत बनाने का कार्य किया जा रहा है पिछले कुछ समय से वन पंचायतों को लीसा राॅयल्टी का भुगतान भी नही किया जा रहा था। लेकिन अब बहुत समय के बाद लीसा राॅयल्टी में से 20 लाख का भुगतान तीस वन पंचायतों को सौंपे जा रहे है।

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सरकार की योजनाओं को लोगों तक पहुंचाने के लिए सरपंचों को सरकार व शासन की मदद लेनी होगी। इसके अतिरिक्त वन पंचायत में महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण भी दिया जाएगा। वन पंचायतों को कार्यदायी संस्था के रूप में निर्माण कार्यों के लिए विधायक निधि, सांसद निधि, मनरेगा के माध्यम से कार्य आवंटित किये जायेंगे। सविन बंसल ने वनों में लगने वाली आग को रोकने के लिए सरकारी प्रयासों की व्यवस्थाए की है।

साथ ही आरक्षित वनों में जिनका क्षेत्रफल भी अधिक है वहां पर होने वाली वनाग्नि को रोकने का कार्य वन पंचायत ही करेंगी। इसके लिए उनको विशेष सुविधाएं एवं प्रशासनिक सहयोग दिया जायेगा। इस कार्य के लिए जनपद की सभी वन पंचायतों में महिला स्वयं सहायता समूहों का गठन किया जाएगा और वनो के संवर्धन, संरक्षण, वर्षा जल संरक्षण हेतु नई कार्य योजना भी बनाकर धरातल पर कार्य किया जायेगा। जिलाधिकारी बंसल बताया ने कहा कि वनों से मनुष्य का जन्मों का रिश्ता है।

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