हल्द्वानी-अब कामकाजी महिलाओं की होगी निशुल्क स्वास्थ्य एवं पोषण की देखभाल, ऐसे उठाये आयुष्मति योजना का लाभ

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हल्द्वानी- दूसरों के घरों में काम एवं मजदूरी कर जीवन यापन करने वाली महिलाओं के स्वास्थ्य एवं पोषण देखभाल के लिए आयुष्मति योजना का शुरूआत मंगलवार को जिलाधिकारी सविन बंसल ने प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र (शहरी) राजपुरा में की। इस दौरान कार्यक्रम में 50 महिलाओं की जांच करते हुए कामकाजी महिलाओं को पोषण किट, आयुष्मति आईडी कार्ड वितरित किये गये।

savin bansal
डीएम बंसल ने कहा कि आयुष्मति योजना के अन्तर्गत घरों में काम करने वाली एवं दैनिक मजदूरी करने वाली महिलायें सप्ताह भर कार्य में जाने के कारण एवं अपनी मजदूरी खोने की डर से बीमार होने के बावजूद भी समय से अपना इलाज नहीं करवा पाती है तथा गरीब होने के कारण निजी चिकित्सालयों में उपचार कराने में भी असमर्थ होती है। गरीब, अशिक्षा, जानकारी व जागरूकता के अभाव में वह अपने स्वास्थ्य से समझौता करने के कारण स्वास्थ्य देखभाल में लापरवाही करती है।

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जिससे महिलाओं में स्वास्थ्य एवं पोषण संबन्धित अनेक गंभीर बीमारियों के होने की संभावना होती है। ऐसी महिलाओं का आयुष्मति योजना के अन्तर्गत पीएचसी में निशुल्क जांच एवं दवाओं के साथ ही पोषण व आयरन किट दिये जायेंगे। साथ ही स्वास्थ्य काउन्सलिंग व विभिन्न योजनाओं की जानकारियां भी दी जायेगी। उन्होंने कहा कि ऐसी कामकाजी गरीब महिलाओं को आयुष्मति आईडी कार्ड बनाये गये हैं जिसको दिखाकर चिकित्सालयों में बिना लाइन में लगे, जांच एवं उपचार के साथ ही निशुल्क दवायें भी दी जायेगी।

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उन्होंने कहा कि गंभीर बीमारी जांच हेतु प्राइवेट चिकित्सालय में भी जांच कराई जायेगी। फिजिशियन की सलाह पर निजी चिकित्सालयों से पांच हजार तक की जांच कराई जायेगी। कोविड -19 के दृष्टिगत प्रत्येक शुक्रवार को रोस्टर निर्धारित करते हुये प्रति घंटे 10-10 महिलाओं की स्वास्थ्य परीक्षण एवं जांच की जायेगी, ताकि अधिक भीड़भाड़ ना हो सकें। आयुष्मति योजना का खाका जिला कार्यक्रम एवं बाल विकास अधिकारी द्वारा तैयार किया गया है। जिसमें स्वास्थ्य विभाग पूर्ण सहयोग करेगा। उन्होंने कामकाजी महिलाओं से योजना का पूर्ण लाभ उठाने की अपील की।

अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डा. रश्मि पंत ने बताया कि मुख्यमंत्री द्वारा घरों मे काम करने वाले एवं दैनिक मजदूरी करने वाली महिलाओं के लिए जिले में जिलाधिकारी की पहल पर आयुष्मति योजना 27 फरवरी को लांच की गई। कामकाजी महिलाओं के पोषण स्तर के सुधार के लिए आवश्यकतानुसार आयरन व अन्य पौष्टिक सामग्री का भी वितरण किया जायेगा। उन्होंने कहा कि कैम्पों में स्पेशलिस्ट चिकित्सकों के साथ ही मेडिकल मोबाइल वैन भी उपलब्ध रहेगी।महिलायें कैम्प में सोशल डिस्टेसिंग के साथ ही मास्क पहनकर अवश्य आयें।

जिला कार्यक्रम अधिकारी अनुलेखा बिष्ट ने बताया कि राजपुरा एवं राजेन्द्र नगर क्षेत्र के 603 कामकाजी महिलाओं को चिन्हित किया गया है जिनके आयुष्मति आईडी कार्ड भी बना दिये गये है। पोषण विशेषज्ञ तुलिका जोशी ने पोषण संबन्धित विस्तृत जानकारियां देते हुए कहा कि महिलाओं का जब सही पोषण होगा तभी देश रोशन होगा। इस दौरान कार्यक्रम में एसएसपी सुनील कुमार मीणा, मुख्य विकास अधिकारी विनीत कुमार, मुख्य चिकित्साधिकारी डा. भागीरथी जोशी, सिटी मजिस्टे्रट प्रत्यूष सिंह, सीएमएस महिला चिकित्सालय डा. ऊषा जंगपांगी, अपर मुख्य चिकित्साधिकारी डा. टीके टम्टा, प्रबन्धक बॉम्बे हास्पिटल डा. शैलेन्द्र मिश्रा, जिला समाज कल्याण अधिकारी अमन अनिरूद्व, प्रोवेशन अधिकारी ब्योमा जैन, सहायक आयुक्त नगर निगम बृजेन्द्र चौहान, सुपरवाइजर कुसुमलता टोलिया, सुशीला ग्वाल, जानकी उपाध्याय आदि मौजूद थे।

 

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