लकड़ी तस्करों की दबंगई, छापेमारी करने पहुंची वन विभाग की टीम पर धारदार हथियारों से हमला, वन दरोगा जख्मी, आरोपी फरार
उधम सिंह नगर - बाजपुर नगर के पहाड़ी कॉलोनी क्षेत्र में बुधवार देर रात अवैध लकड़ी के भंडारण की सूचना पर छापेमारी करने पहुंची वन विभाग की संयुक्त टीम पर हमला कर दिया गया। गोदाम में मौजूद लोगों ने वन कर्मियों के साथ अभद्रता करते हुए धारदार हथियारों से हमला कर दिया। इसमें रुद्रपुर रेंज के वन दरोगा सुरेंद्र सिंह घायल हो गए। उन्हें उपचार के लिए बाजपुर के सरकारी अस्पताल ले जाया गया। घटना के बाद पुलिस के पहुंचने से पहले ही आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर फरार हो गए। वन विभाग की टीम ने मौके से सागौन और खैर की भारी मात्रा में लकड़ी बरामद की है।
जानकारी के अनुसार, रुद्रपुर रेंजर लक्ष्मण सिंह बिष्ट को सूचना मिली थी कि बाजपुर के पहाड़ी कॉलोनी स्थित एक गोदाम में अवैध रूप से सागौन और खैर की लकड़ी का भंडारण किया जा रहा है। सूचना के आधार पर बुधवार देर रात करीब 12 बजे रुद्रपुर और बाजपुर वन विभाग की संयुक्त टीम ने गोदाम पर छापा मारा।
छापेमारी के दौरान शुरू हुई कहासुनी, फिर हमला -
वन विभाग की गाड़ियां देखकर गोदाम में मौजूद लोगों में हड़कंप मच गया। कुछ ही देर में आसपास के लोग भी मौके पर एकत्र हो गए। इसी दौरान गोदाम संचालक और उसके साथियों ने वन कर्मियों के साथ अभद्रता शुरू कर दी। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और आरोपियों ने धारदार हथियारों से टीम पर हमला कर दिया। हमले में वन दरोगा सुरेंद्र सिंह के हाथ और सिर में चोटें आईं। टीम के अन्य सदस्यों ने किसी तरह उन्हें बचाया। घटना के बाद मौके पर अफरा-तफरी मच गई। सूचना मिलने पर कोतवाली पुलिस भी पहुंच गई, लेकिन तब तक आरोपी फरार हो चुके थे।
लाखों रुपये की लकड़ी बरामद -
वन विभाग की टीम ने गोदाम की तलाशी के दौरान भारी मात्रा में सागौन और खैर की लकड़ी बरामद की। बरामद लकड़ी की बाजार कीमत लाखों रुपये बताई जा रही है। विभाग ने लकड़ी को कब्जे में लेकर रेंज कार्यालय भिजवा दिया है। वहीं, घायल वन दरोगा का बाजपुर के सरकारी अस्पताल में उपचार कराया गया। उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जा रही है।
आरोपियों की पहचान में जुटा वन विभाग -
रुद्रपुर रेंजर लक्ष्मण सिंह बिष्ट ने बताया कि संबंधित गोदाम का इस्तेमाल लंबे समय से अवैध लकड़ी के भंडारण और तस्करी के लिए किए जाने की सूचना मिली थी। मामले में आरोपियों की पहचान की जा रही है। उन्होंने बताया कि पुलिस को तहरीर देकर वन अधिनियम के साथ सरकारी कार्य में बाधा डालने और वन कर्मियों पर हमले के संबंध में प्राथमिकी दर्ज कराने की कार्रवाई की जाएगी।
छापेमारी के दौरान वन विभाग की टीम पर हुए हमले ने अवैध लकड़ी के कारोबार पर कार्रवाई के दौरान कर्मचारियों की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। अब पुलिस और वन विभाग की कार्रवाई के बाद ही मामले में आगे की स्थिति स्पष्ट होगी।