हल्द्वानी - पॉक्सो कोर्ट का फैसला, आठ माह तक नाबालिग से दुष्कर्म करने वाले को 20 साल का कठोर कारावास
हल्द्वानी - हल्द्वानी की विशेष पॉक्सो अदालत ने नाबालिग किशोरी से आठ माह तक दुष्कर्म करने के मामले में दोषी गोविंद सिंह गैड़ा (30) को 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। विशेष न्यायाधीश (पॉक्सो) एवं अपर सत्र न्यायाधीश सविता चमोली ने दोषी पर 10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। इसके अलावा भारतीय न्याय संहिता की पूर्व धारा 506 (आपराधिक धमकी) के मामले में दो वर्ष के कठोर कारावास और 5 हजार रुपये जुर्माने की सजा भी सुनाई गई। अदालत ने पीड़िता को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के माध्यम से चार लाख रुपये का मुआवजा देने के निर्देश दिए हैं।
अभियोजन के अनुसार, जून 2023 से जनवरी 2024 के बीच आरोपी गोविंद सिंह गैड़ा पीड़िता की मां से मिलने उसके घर आता था। इसी दौरान उसने शादी का झांसा देकर नाबालिग किशोरी के साथ कई बार दुष्कर्म किया। विरोध करने पर आरोपी ने पीड़िता को जान से मारने की धमकी भी दी। पीड़िता के पिता की शिकायत पर पुलिस ने आरोपी गोविंद सिंह गैड़ा और अल्मोड़ा निवासी एक महिला के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। जांच पूरी होने के बाद 8 अप्रैल 2024 को न्यायालय में आरोपपत्र दाखिल किया गया। सुनवाई के दौरान अभियोजन पक्ष ने सात गवाह और अन्य साक्ष्य अदालत के समक्ष प्रस्तुत किए।
सभी साक्ष्यों और गवाहों के बयानों का परीक्षण करने के बाद अदालत ने गोविंद सिंह गैड़ा को दोषी करार देते हुए 20 वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई। वहीं, पर्याप्त साक्ष्य नहीं मिलने के कारण सह-आरोपी महिला को दोषमुक्त कर दिया गया।