हल्द्वानी - कैटरिंग और मिठाई व्यवसायियों के कारोबार होने लगे ठप, नेता प्रतिपक्ष आर्य भी बोले राज्य में गैस वितरण प्रणाली ध्वस्त 
 

 

हल्द्वानी - देश भर में गैस संकट का असर अब उत्तराखंड में भी दिखने लगा है, हल्द्वानी शहर के कई कैटरिंग व्यवसायियों ने गैस की अपर्याप्त आपूर्ति को लेकर चिंता जताई है। शीन कैटर्स, रॉयल कैटर्स और डीपी नानक सहित स्टैण्डर्ड स्वीट तक का कारोबार प्रभावित है। स्टैण्डर्ड स्वीट्स के मालिक आदित्य गुप्ता ने बताया कि उन्हें निर्धारित कोटे का केवल 20 प्रतिशत गैस ही मिल पा रही है, जिससे उनका व्यवसाय प्रभावित हो रहा है। आदित्य गुप्ता ने कहा, "कॉमर्शियल एलॉटमेंट बेहद जरूरी है ताकि हम अपना परिवार चला सकें और कार्यक्रम सही तरीके से आयोजित कर सकें। 


हमन प्रीत सिंह और नरेंद्र सारस्वत सहित कई व्यवसायियों ने बताया कि उन्हें शादी, पार्टी और धार्मिक आयोजनों के कई ऑर्डर लेने में दिक्कत आ रही है। कई कार्यक्रमों के मेन्यू तक कम कर दिए गए हैं ताकि उपलब्ध गैस में कार्यक्रम किए जा सकें। उन्होंने भारत गैस एजेंसी और संबंधित अधिकारियों से कई बार बात की, लेकिन गैस आपूर्ति नहीं हो रही है। प्रशासन ने लकड़ी से भट्ठी लगाने का सुझाव दिया है, लेकिन इतना बड़ा कार्यक्रम संचालित करना मुश्किल है। कारोबारियों के कहा कि हमें उचित गैस आपूर्ति तुरंत दिलाई जाए।


नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने भी उठाये सवाल - 
नेता प्रतिपक्ष यशपाल आर्य ने सरकार के चार साल पूरे होने पर बनाये जा रहे जश्न पर भी कटाक्ष किया, उन्होंने कहा उत्तराखंड में गैस वितरण प्रणाली पूरी तरह ध्वस्त हो चुकी है और सरकार केवल झूठे दावे कर रही है कि सब कुछ नियंत्रण में है। सच्चाई यह है कि आज प्रदेश की जनता रसोई गैस के लिए दर-दर भटकने को मजबूर है। आर्य में कहा यह केवल अव्यवस्था नहीं, बल्कि सरकार की संवेदनहीनता और नाकामी का जीता-जागता उदाहरण है। उन्होंने कहा प्रदेश में गैस आपूर्ति की वास्तविक स्थिति तुरंत सार्वजनिक की जाए। साथ ही गैस संकट के लिए जिम्मेदार अधिकारियों पर सख्त कार्रवाई की जाए।


सप्लाई निरीक्षक दिव्या ने बताया कि अभी व्यवसायिक प्रतिष्ठानों के लिए गैस प्रतिबन्ध की गई है। स्कूल और हॉस्पिटल को ही नियमित कोटा मुहैया करवाया जा रहा है। जब उनसे पूछा कि गैस आपूर्ति कब तक सुचारू होगी तो उनका कहना था अभी कोई ऐसा आदेश नहीं है।