देहरादून - ग्राफिक एरा के चांसलर डा. सारस्वत को मिला INAE का लाइफटाइम कंट्रीब्यूशन अवॉर्ड, रक्षा मंत्री के साथ भी कर चुके हैं काम
देहरादून - ग्राफिक एरा डीम्ड यूनिवर्सिटी के चांसलर डा. वी.के. सारस्वत को इंडियन नेशनल एकेडमी ऑफ इंजीनियरिंग के प्रतिष्ठित लाइफटाइम कंट्रीब्यूशन अवॉर्ड इन इंजीनियरिंग 2026 दिया जाएगा। ग्राफिक एरा डीम्ड यूनिवर्सिटी के चांसलर और देश के प्रख्यात वैज्ञानिक डा. वी.के. सारस्वत का रक्षा अनुसंधान, तकनीकी विकास और नवाचार के क्षेत्र में कई दशकों का उल्लेखनीय योगदान रहा है।
वह डीआरडीओ के महानिदेशक और रक्षा मंत्री के मुख्य वैज्ञानिक सलाहकार के रूप में सेवाएं दे चुके हैं। पृथ्वी, धनुष, प्रहार और अग्नि-5 जैसी मिसाइलों के स्वदेशी विकास, बैलिस्टिक मिसाइल डिफेंस सिस्टम, तेजस लड़ाकू विमान और परमाणु पनडुब्बी आईएनएस अरिहंत से जुड़े महत्वपूर्ण कार्यों में उनकी अहम भूमिका रही है। डा. सारस्वत नीति आयोग के सदस्य भी हैं और रणनीतिक रक्षा तकनीक, साइबर सुरक्षा तथा वैकल्पिक ऊर्जा के क्षेत्र में योगदान दे रहे हैं। उन्हें भारत सरकार के प्रतिष्ठित पद्मश्री और पद्मभूषण सम्मानों से भी नवाजा जा चुका है।
इंडियन नेशनल एकेडमी ऑफ इंजीनियरिंग (आईएनएई) का लाइफटाइम कंट्रीब्यूशन अवॉर्ड इंजीनियरिंग, रिसर्च और इनोवेशन के क्षेत्र में असाधारण एवं दीर्घकालीन योगदान देने वाली हस्तियों को मिलने वाला एक प्रतिष्ठित सम्मान है। यह सम्मान पूर्व राष्ट्रपति डा. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम, रतन टाटा, नारायण मूर्ति और अजीम प्रेमजी जैसी दिग्गज हस्तियों को भी मिल चुका है।
डा. वी.के. सारस्वत को यह सम्मान मिलना उनके दशकों लंबे वैज्ञानिक सफर, राष्ट्र निर्माण में तकनीकी योगदान और देश की रक्षा क्षमताओं को नई मजबूती देने वाली उनकी दूरदर्शी सोच की बड़ी पहचान है। उनकी उपलब्धियां विज्ञान और तकनीक के क्षेत्र में देश के आत्मनिर्भर भविष्य की मजबूत नींव रखने वाले कार्यों की मिसाल हैं। उनकी यह उपलब्धि ग्राफिक एरा परिवार के लिए गौरव का क्षण है और विश्वविद्यालय की शोध, नवाचार और उत्कृष्टता की प्रतिबद्धता को और मजबूती प्रदान करती है।