एक ऐसा मन्दिर जहां भगवान की नहीं, महिलाओं के स्तनों की होती है पूजा…, जानिए क्यों होता है ऐसा

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नई दिल्ली-न्यूज टुडे नेटवर्क : लोग कब और कहां किसकी पूजा करने लगें यह कोई नहीं जान सकता। अब जापानियों को ही देख लीजिए। इन्होंने एक अनोखे मंदिर का निर्माण किया है। जहां किसी भगवान या ग्रहों की पूजा नहीं बल्कि महिलाओं के ब्रेस्ट की पूजा होती हैं। जी हां इस मंदिर में आपको हर तरफ ब्रेस्ट ही नजर आएंगे। लोग यहां पर मन्नत मांगने के लिए ब्रेस्ट चढ़ाते हैं। ये डमी ब्रेस्ट होते हैं।

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इस मंदिर में होती है महिलाओं के स्तनों की पूजा

जापान में स्थित यह अनोखा मंदिर दुनियाभर में मशहूर है। बताया जाता है कि इस मंदिर में ब्रेस्ट की देवी छिछिगमीसम की पूजा की जाती है। इस मंदिर में जहां पर भी आपकी नजऱ पड़ेगी वहां सिर्फ ब्रेस्ट ही नजर आएंगे। इस मंदिर में महिलाओं के स्तनों की पूजा की जाती है और इस पूरे मंदिर की सजावट रूई और कपड़े से बने स्तनों से ही की गई है।

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ब्रेस्ट कैंसर से बचाव के लिए महिलाओं के स्तनों की पूजा

इस मंदिर में भारी तादाद में महिलाएं ब्रेस्ट वाली देवी की पूजा करने के लिए आती है। कहा जाता है कि इस मंदिर में महिलाएं सुरक्षित प्रेगनेंसी और ब्रेस्ट कैंसर से बचने के लिए ब्रेस्ट वाली देवी की पूजा करती हैं। यह मान्यता है कि इस मंदिर में आने वाली सभी महिलाओं की मनोकामना पूरी होती है और जिन महिलाओं की मन्नत पूरी हो जाती हैं वो यहां वापस आकर डमी ब्रेस्ट का चढ़ावा चढ़ाती हैं।

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मंदिर से जुड़ी मान्यताएं

यह कहा जाता है कि इस मंदिर में ब्रेस्ट की पूजा करने की शुरूवाती कहानी बेहद दिलचस्प है। मान्यताओं के अनुसार जापान के वाकायामा शहर की एक डॉक्टर ने इस मंदिर में ब्रेस्ट कैंसर से जूझ रही अपनी एक मरीज के लिए मन्नत मांगी थी और देवी को डमी स्तन का चढ़ावा चढ़ाया था। महिला डॉक्टर के ऐसा करने से उसकी मरीज बिल्कुल ठीक हो गई। जिसके बाद से ही महिलाओं का विश्वास इस मंदिर के प्रति बढऩे लगा और महिलाएं अपनी मन्नत पूरी होने के बाद यहां डमी ब्रेस्ट चढ़ाने लगीं।

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मंदिर की हर चीज स्तन जैसी

जैसे-जैसे इस मंदिर की लोकप्रियता बढऩे लगी और यहां आने वाली महिलाओं की संख्या बढऩे लगी वैसे-वैसे इस मंदिर की साज-सज्जा को और भी अनोखा रुप दिया जाने लगा। इस मंदिर की हर चीज देखने में बिल्कुल स्तन के आकार जैसी ही है। यहां तक कि मंदिर के फव्वारे और मूर्तियां भी महिलाओं के स्तन के आकार जैसी ही बनाई गई हैं। यहां आनेवाली महिलाओं के मुताबिक स्तन वाली देवी उनकी हर मनोकामना को पूरी करती हैं खासकर प्रेगनेंट महिलाएं और ब्रेस्ट कैंसर से जूझ रही महिलाएं इस मंदिर से खाली हाथ वापस नहीं लौटती है।