भारत के खिलाफ सीरीज में अश्विन से मिलेगी बड़ी चुनौती : ऑस्ट्रेलिया के रेनशॉ

सिडनी, 25 जनवरी (आईएएनएस)। आस्ट्रेलियाई बल्लेबाज मैट रेनशॉ ने भारतीय आफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन को प्रमुख भारतीय गेंदबाज के रूप में चुना है। उन्होंने कहा कि अश्विन 9 फरवरी से नागपुर में शुरू होने वाली बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के लिए आगामी चार टेस्ट मैचों की श्रृंखला में सबसे चुनौतीपूर्ण होंगे।
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सिडनी, 25 जनवरी (आईएएनएस)। आस्ट्रेलियाई बल्लेबाज मैट रेनशॉ ने भारतीय आफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन को प्रमुख भारतीय गेंदबाज के रूप में चुना है। उन्होंने कहा कि अश्विन 9 फरवरी से नागपुर में शुरू होने वाली बॉर्डर-गावस्कर ट्रॉफी के लिए आगामी चार टेस्ट मैचों की श्रृंखला में सबसे चुनौतीपूर्ण होंगे।

डेविड वार्नर, उस्मान ख्वाजा, ट्रेविस हेड और एलेक्स कैरी के अलावा खुद रेनशॉ जैसे बाएं हाथ के बल्लेबाजों से भरे आस्ट्रेलिया के बल्लेबाजी क्रम में अश्विन भारत के लिए महत्वपूर्ण होंगे क्योंकि वह 2021 में बाएं हाथ के बल्लेबाजों के खिलाफ 200 विकेट लेने वाले पहले गेंदबाज बन गए थे।

ऑस्ट्रेलियन एसोसिएटेड प्रेस ने रेनशॉ के हवाले से कहा, अश्विन का सामना करना मुश्किल है। वह काफी वैरिएशन के साथ एक स्मार्ट गेंदबाज हैं और वह अपनी गेंदों का बहुत अच्छा उपयोग करते हैं, लेकिन एक बार जब आप उनका सामना कर लेते हैं तो आप उनको खेलने के आदी हो जाते हैं।

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उन्होंने कहा कि आस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों को उस डिलीवरी से सावधान रहना होगा जो अश्विन की फिरकी है, जो बल्लेबाजों को फंसा लेती है।

उन्होंने कहा, मुझे लगता है कि अश्विन और किसी भी आफ स्पिनर की स्पिन परिस्थितियों में बायें हाथ के बल्लेबाज के लिए बड़ी चुनौती एलबीडब्ल्यू की होती है। जाहिर है कि हर कोई उस के बारे में सोचता है जो आपको स्लिप में कैच करवाता है, लेकिन बड़ा एलबीडब्ल्यू होता है जब यह घूमता नहीं है। आपको बस इसके लिए तैयार रहना होता है।

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रेनशॉ आस्ट्रेलिया टेस्ट टीम के सदस्य थे, जिन्होंने 2017 में भारत का दौरा किया था और 2-1 से हार गए थे। अश्विन ने पुणे में शुरूआती टेस्ट में उन्हें एक बार आउट किया था, जिसे आस्ट्रेलिया ने 333 रन से जीता था, लेकिन इससे पहले उन्होंने पहली पारी 68 रन बनाए थे।

अब सबसे अधिक संभावना पांचवें नंबर पर आने की है अगर वह प्लेइंग इलेवन में आते हैं तो रेनशॉ को भारत में अच्छा प्रदर्शन करने का भरोसा है।

उन्होंने कहा, मुझे लगता है कि दो साल नंबर 5 पर बल्लेबाजी करने से मुझे स्पिन का सामना करने में मदद मिली है। मैं अपने खेल को अब बहुत बेहतर जानता हूं और मैं विभिन्न परिस्थितियों में बहुत अधिक सहज हूं। हमारे पास एक मजबूत टीम है और अगर मुझे मौका मिलता है तो मैं तैयार रहूंगा।

--आईएएनएस

आरजे/आरआर