कोरोना का कहर: क्‍या आपने कराया है अपना स्‍वास्‍थ्‍य बीमा, अगर नहीं तो आज ही करा लें

न्‍यूज टुडे नेटवर्क टीम
कोरोना अब तक दुनिया के 170 देशों को अपनी चपेट में ले चुका है। इस महामारी से अब तक 14 हजार से अधिक लोग दम तोड़ चुके हैं। बरेली से सटे जिले पीलीभीत में एक महिला कोरोना पॉजीटिव पाई गई है। बीमारी से लड़ने के लिए हेल्‍थ बीमा जरूरी है। अगर आपने अब तक हेल्‍थ बीमा नहीं कराया है तो आज ही करा लें। इस काम में देरी आपके लिए मुसीबत बन सकती है।
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बीमा कराने से पहले ले लें पर्याप्‍त जानकारी
किसी भी बीमाधारक को ऐसी पॉलिसी लेनी चाहिए जिसमें सिर्फ विशेष बीमारी के लिए ही कवर ना मिलता हो। ऐसी पॉलिसी लें जिसमें अस्पताल के सारे खर्च शामिल हों साथ ही कोरोना वायरस की टेस्टिंग भी पॉलिसी में कवर हो।
सभी स्वास्थ्य बीमा कंपनी अपनी पॉलिसी में पहले ही दिन से कोरोना के लिए कवरेज दे रही हैं। बीमाधारक एक बात का ध्यान जरूर रखें कि पॉलिसी का लाभ उठाने के लिए एक सीमा तक ही क्लेम कर सकते हैं।

24 घंटे अस्पताल में भर्ती होना जरूरी
बीमाधारक के लिए एक बात जान लेना जरूरी है कि कोरोना वायरस की वजह से कम से कम 24 घंटे अस्पताल में भर्ती होने पर ही क्लेम की राशि मिलेगी। अगर आप खुद की जगह किसी अपने को कवरेज का लाभ देना चाहते हैं तो ये कंपनी के लिए मुमकिन नहीं हो पाएगा। बीमा कंपनी सिर्फ पॉलिसीधारकों को ही कवरेज का लाभ देंगी।

पॉलिसी में कोरोना से कवरेज
कोरोना से संक्रमित होना पहले से हुई बीमारी वाले वर्ग में नहीं आता है। इसलिए बीमा कंपनी कोरोना को सामान्य स्वास्थ्य बीमा की तरह की कवरेज देंगी। कोरोना से संक्रमित होने पर जो सुविधाएं मिलेंगी उसमें अस्पताल से पहले और बाद के खर्च, ओपीडी और एंबुलेंस के खर्च शामिल होंगे।

कम रकम का बीमा न लें
स्वास्थ्य बीमा खरीदने से पहले बीमा की राशि पर जरूर ध्यान दें। इतना बीमा तो कराएं जिससे भविष्य में स्वास्थ्य को लेकर सभी चिंताएं खत्म हो जाएं। बीमा लेने से पहले पॉलिसी का सम एश्योर्ड जरूर देखें। कोरोना एक ऐसी बीमारी है जिसमें बहुत पैसे की जरूरत पड़ती है, कोरोना के लिए होने वाला टेस्ट भी महंग पड़ता है। अच्छे उपचार के लिए पर्याप्त बीमा राशि की जरूरत पड़ती है।

बीमा क्लेम करने का सही तरीका
जिन लोगों को अभी कोरोना वायरस है वो दो तरीके से बीमा को क्लेम कर सकते हैं। एक अदायगी के जरिए और दूसरा कैशलेस। हमेशा ये सलाह दी जाती है कि उसी अस्पताल से उपचार कराएं जो आपकी पॉलिसी में कवर होता है, उससे कैशेलस का लाभ मिल जाता है। अगर कोरोना के लिए पॉलिसी में कवर अस्पतालों से इलाज नहीं करा रहे हैं तो उपचार के समय सारा खर्च देना होगा जिसे बाद में क्लेम किया जाएगा।

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