अनुपम खेर ने ओड़िया फिल्म प्रतीक्षा के हिंदी रीमेक की घोषणा की

पणजी, 23 नवंबर (आईएएनएस)। अभिनेता अनुपम खेर ने बुधवार को ओड़िया फिल्म प्रतीक्षा के हिंदी रीमेक की घोषणा की, जो एक पिता-पुत्र के रिश्ते की गतिशीलता पर रोशनी डालती है।
 | 
अनुपम खेर ने ओड़िया फिल्म प्रतीक्षा के हिंदी रीमेक की घोषणा की पणजी, 23 नवंबर (आईएएनएस)। अभिनेता अनुपम खेर ने बुधवार को ओड़िया फिल्म प्रतीक्षा के हिंदी रीमेक की घोषणा की, जो एक पिता-पुत्र के रिश्ते की गतिशीलता पर रोशनी डालती है।

प्रतीक्षा के निर्देशक अनुपम पटनायक ने कहा है कि यह क्षण उनके लिए और ओडिशा के लोगों के लिए भी बड़ा है।

यह घोषणा इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल ऑफ इंडिया के एक कार्यक्रम के दौरान की गई। अनुपम खेर ने ओड़िया फिल्म की टीम के साथ मंच साझा किया।

अनुपम ने घोषणा की कि वह हिंदी में प्रतीक्षा बनाएंगे, जिसमें वह पिता की भूमिका निभाएंगे। उन्होंने पटनायक को फिल्म के अधिकारों के लिए एक टोकन साइनिंग अमाउंट दिया।

chaitanya

लेखक गौरहरि दास की एक लघु कहानी से प्रेरित प्रतीक्षा में एक मध्यवर्गीय परिवार के लड़के संजय की दास्तान है, जो अपने पिता के सेवानिवृत्त होने से पहले सरकारी नौकरी पाना चाहता है। उसके पिता बिपिन चाहते हैं कि बेटे को जल्द नौकरी मिल जाए, क्योंकि परिवार पर कर्ज है, और बिपिन को भी अपनी गंभीर बीमारी का इलाज करवाना है। संजय को सरकार की अनुकंपा नियुक्ति योजना के बारे में पता चलता है, जिसमें मृत सरकारी कर्मचारी के परिवार के किसी सदस्य को नौकरी मिल जाती है। नौकरी की तलाश करते-करते निराश हो चुका संजय अपने पिता की मौत का इंतजार करता है। यह एक परिवारिक फिल्म है, खासकर पिता और पुत्रों के जटिल संबंधों के बारे में।

संजय की भूमिका निभाने वाले दीपानविट दशमोपात्रा ने आईएफएफआई में अपनी फिल्म प्रदर्शित करने के बारे में बात की और कहा कि यह उनके लिए एक बड़ा क्षण है, क्योंकि मुख्य अभिनेता के रूप में यह उनकी पहली फिल्म है।

निर्देशक अनुपम पटनायक ने ओड़िया फिल्म उद्योग पर बात की और कहा कि 1999 के चक्रवात से पहले ओडिशा में 160 सिनेमाघर थे, चक्रवात के बाद 100 और कोविड के बाद केवल 60 रह गए। उन्होंने सवाल किया, महज 60 सिनेमाघरों के भरोसे में ओडिशा फिल्म उद्योग कैसे काम कर सकता है?

--आईएएनएस

एसजीके/एएनएम